चीन और पाकिस्तान के रिश्तों में आई दरार,जाने वजह

कश्मीर पर कहां तक पाकिस्तान का साथ देगा चीन? | दुनिया | DW | 12.10.2019

न्यूज जंगल डेस्क,कानपुरः चीन और पाकिस्तान के बीच संबंध ठीक नहीं चल रहे हैं। एक ब्लाग के अनुसार, दोनों देशों के बीच जो दोस्ताना रिश्ते हैं, उनमें अब तनाव देखा जा रहा है। मामला दोनों देशों की मिलिट्री के बीच फंसा है। दरअसल, बीजिंग से इस्लामाबाद के रक्षा बलों को आधुनिक हथियारों की एक श्रृंखला की आपूर्ति की गई, जो कि बेहद ही खराब व घटिया सर्विसिंग और रखरखाव के संबंध में उचित समझदारी न होना पाकिस्तान आर्मी को नागवार गुजर रहा है।

अल मायादीन में एक ब्लाग में लिखते हुए, निसार अहमद कहते हैं कि चीन और पाकिस्तान अक्सर विवादित/कब्जे वाले क्षेत्रों में एक-दूसरे के रुख के लिए अपना समर्थन व्यक्त करते हैं और उसको विस्तार देते हैं। अल मायादीन के मुताबिक, हाल ही में सहयोग के संबंध में, चीन के चेंगदू एयरक्राफ्ट इंडस्ट्री ग्रुप द्वारा डिजाइन किए गए और चाइना नेशनल एयरो-टेक्नोलाजी इम्पोर्ट एंड एक्सपोर्ट कॉरपोरेशन (CATIC) द्वारा बेचे गए तीन सशस्त्र ड्रोन को जनवरी 2021 में पाकिस्तान वायु सेना (PAF) में शामिल किया गया था।

हालांकि, अहमद कहते हैं कि मानव रहित लड़ाकू हवाई वाहनों (यूसीएवी) की खरीद के बाद रिश्तों में तनाव आ गया। बताया गया कि ये समय ऐसा है जब पाकिस्तान अपने सैन्य उपकरणों को बढ़ावा दे रहा है। जानकारी मिली है कि चीनी निर्मित विंग लूंग II मानवरहित हवाई प्रणाली (यूसीएवी) को शामिल किए जाने के कुछ दिनों के भीतर ही कुछ खराबी के कारण उनका इस्तेमाल बंद हो गया।

अमादेर शोमोय ने अपनी रिपोर्ट ‘चीनी ड्रोन के बारे में पाकिस्तानी वायु सेना के बुरे सपने’ में बताया है कि पाक वायु सेना की दुर्दशा में जो जोड़ा है वह चीनी फर्म द्वारा प्रदान की जाने वाली निराशाजनक सेवा और रखरखाव है।CATIC अब तक ग्राउंडेड ड्रोन की मरम्मत और रखरखाव के लिए तमाम संपर्कों के आगे बिलकुल भी सहयोग करता नहीं दिखा। फर्म द्वारा आपूर्ति किए गए पुर्जे घटिया थे और अधिकतर उपयोग के लिए अनुपयुक्त थे। ग्राउंडेड हवाई वाहनों को जल्द से जल्द चालू करने के लिए पाकिस्तान भेजे गए इंजीनियरों को अक्षम बता दिया गया।

अहमद ने लिखा, पाकिस्तानी अधिकारियों ने अब चीनी फर्म को गंभीर संकट से निपटने के लिए पेशेवरों का एक बेहतर प्रशिक्षित समूह भेजने के लिए कहा है। गड़बड़ी ईओ/आईआर से नाइट्रोजन के रिसाव की थी। जरूरत को देखते हुए, पाकिस्तान वायु सेना के अधिकारी ईओ/आईआर पाड्स को तत्काल बदलना चाहते थे। चीनी फर्म को तत्काल याचिका का जवाब देना बाकी है। दिलचस्प बात यह है कि चीनी फर्म द्वारा ड्रोन के साथ आपूर्ति किए गए पुर्जे बेमेल थे। इसी तरह, ड्रोन के साथ आपूर्ति किए गए ईंधन भरने वाले उपकरण संदूषण के कारण अनुपयोगी पाए गए। अल मायादीन ने बताया कि इसके प्रतिस्थापन का अभी भी पीएएफ द्वारा इंतजार किया जा रहा है। इसके अलावा कई और बड़ी खामियों के बारे में भी चिंता सामने आई है।

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