चार साल बाद वापसी के बावजूद नहीं चला भुवनेश्वर कुमार का जादू, आकाश चोपड़ा ने प्रदर्शन पर उठाए सवाल


 नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार की चार साल बाद अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट में वापसी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। न्यूजीलैंड के खिलाफ जारी पांच मैचों की टी20 सीरीज में भुवनेश्वर अब तक अपनी गेंदबाजी से खास प्रभाव नहीं छोड़ पाए हैं। शुरुआती तीन मुकाबलों में उनका प्रदर्शन चर्चा का विषय रहा। इसके बाद उन्हें चौथे टी20 मुकाबले की प्लेइंग इलेवन से बाहर कर दिया गया।

भुवनेश्वर की वापसी से भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों को काफी उम्मीदें थीं। अपनी स्विंग गेंदबाजी और शुरुआती ओवरों में विकेट निकालने की क्षमता के लिए पहचाने जाने वाले इस गेंदबाज से टीम को मजबूती मिलने की उम्मीद थी। हालांकि, न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों के सामने वह अपनी पुरानी लय हासिल करने के लिए संघर्ष करते नजर आए।

शुरुआती तीन मैचों में महंगे साबित हुए भुवनेश्वर

न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज के शुरुआती तीन मुकाबलों में भुवनेश्वर कुमार को गेंद से अपेक्षित सफलता नहीं मिली। वह रन रोकने और विपक्षी बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में भी संघर्ष करते दिखाई दिए। टी20 क्रिकेट में डेथ ओवरों की गेंदबाजी काफी महत्वपूर्ण होती है, लेकिन इस सीरीज में उनके प्रदर्शन को लेकर सवाल उठने लगे।

इसके बाद टीम प्रबंधन ने चौथे मुकाबले में उन्हें प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं दी। इस फैसले के बाद उनकी टीम में वापसी और आगे की भूमिका को लेकर चर्चाएं तेज हो गईं।

आकाश चोपड़ा ने भी जताई निराशा

पूर्व भारतीय क्रिकेटर और कमेंटेटर आकाश चोपड़ा ने भी भुवनेश्वर कुमार के प्रदर्शन पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने उनकी वापसी से जुड़ी उम्मीदों और मैदान पर नजर आए प्रदर्शन के बीच अंतर की ओर ध्यान दिलाया। उनके मुताबिक, भुवनेश्वर से जिस तरह की गेंदबाजी की अपेक्षा थी, वह अब तक देखने को नहीं मिली है।

भुवनेश्वर जैसे अनुभवी गेंदबाज से टीम को महत्वपूर्ण मौकों पर बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद रहती है। ऐसे में उनकी गेंदबाजी का विश्लेषण क्रिकेट विशेषज्ञों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।

पांचवें टी20 में वापसी पर रहेंगी नजरें

अब भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांचवां और आखिरी टी20 मुकाबला 1 नवंबर को खेला जाना है। इस मैच में भुवनेश्वर कुमार को दोबारा मौका मिलता है या नहीं, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

टीम प्रबंधन के सामने सीरीज के आखिरी मुकाबले के लिए सही गेंदबाजी संयोजन चुनने की चुनौती होगी। भुवनेश्वर की वापसी उनके अनुभव और मौजूदा प्रदर्शन को ध्यान में रखकर तय की जा सकती है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ