PM Modi Ladakh Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार, 15 अक्टूबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से लद्दाख में करीब 3,350 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और लोकार्पण किया। इन परियोजनाओं का उद्देश्य क्षेत्र में सड़क और हवाई संपर्क मजबूत करना, बिजली की उपलब्धता बढ़ाना, जल संरक्षण को प्रोत्साहित करना और प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखना है। इस दौरान प्रधानमंत्री ने कहा कि लद्दाख के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और नई तकनीक सीखने के अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। \
युवाओं के विकास पर विशेष जोर
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि लद्दाख की नई पीढ़ी को बेहतर शिक्षा और आधुनिक तकनीक सीखने के अवसर मिलने चाहिए। युवाओं को इन सुविधाओं के लिए दूसरे शहरों पर निर्भर न रहना पड़े, इसके लिए लेह में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस विकसित किया जा रहा है।
उन्होंने खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात भी कही। सरकार का उद्देश्य लद्दाख के युवाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने के अवसर देना है।
लेह एयरपोर्ट और 298 किलोमीटर की सड़क का उद्घाटन
इन परियोजनाओं में लेह स्थित कुशोक बकुला रिम्पोछे एयरपोर्ट का नया यात्री टर्मिनल प्रमुख है। करीब 640 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह टर्मिनल सालाना 35 लाख यात्रियों को संभालने की क्षमता रखता है।
इसके अलावा, 298 किलोमीटर लंबी निमू-पदुम-दरचा सड़क को भी राष्ट्र को समर्पित किया गया। यह सड़क लद्दाख को हिमाचल प्रदेश के दरचा से जोड़ती है और श्रीनगर-लेह तथा मनाली-लेह मार्गों के अतिरिक्त एक वैकल्पिक संपर्क मार्ग उपलब्ध कराती है। इससे दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और बाजारों तक पहुंच आसान होने की उम्मीद है।
बिजली, जल संरक्षण और विरासत को मिलेगा बढ़ावा
परियोजनाओं में 9 मेगावाट की हानू लघु जलविद्युत परियोजना और 66 केवी की दाह-हानू-खाल्त्सी ट्रांसमिशन लाइन भी शामिल हैं। इनसे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति और ऊर्जा ढांचे को मजबूती मिलेगी।
इसके साथ ही लेह के सिंधु घाट पर भारत के पहले पेट्रोग्लिफ संरक्षण पार्क का उद्घाटन किया गया। इसका उद्देश्य प्राचीन शैलचित्रों और ऐतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करना है।
वहीं, प्रोजेक्ट हिम सरोवर के तहत 40 गांवों में 40 जल निकाय विकसित किए गए हैं। इससे पानी के संरक्षण, सिंचाई और कृषि कार्यों में सहायता मिलने की उम्मीद है।
पर्यटन और रोजगार के नए अवसर
प्रधानमंत्री ने लद्दाख में आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण के महत्व पर भी जोर दिया। क्षेत्र में शीतकालीन और साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर पैदा हो सकते हैं।
कुल मिलाकर, करीब 3,350 करोड़ रुपये की ये परियोजनाएं लद्दाख में संपर्क व्यवस्था, ऊर्जा, जल सुरक्षा और पर्यटन को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। इनके प्रभावी क्रियान्वयन से स्थानीय लोगों के जीवन में सुधार और युवाओं के लिए नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
.jpg)
0 टिप्पणियाँ