भारत सरकार कार्बोसल्फान (Carbosulfan) के इस्तेमाल पर रोक या सख्त प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है। यह कीटनाशक धान, कपास समेत कई फसलों में कीट नियंत्रण के लिए इस्तेमाल किया जाता है। सरकार का यह कदम इसके संभावित स्वास्थ्य जोखिमों और जहरीले प्रभावों को लेकर उठाई जा रही चिंताओं के बीच सामने आया है।
कार्बोसल्फान को लेकर सरकार की ओर से समीक्षा ऐसे समय में हो रही है, जब कृषि में इस्तेमाल होने वाले कुछ अधिक विषैले रसायनों के स्वास्थ्य और सुरक्षा प्रभावों पर दोबारा विचार किया जा रहा है। एक उच्चस्तरीय सरकारी पैनल कार्बोसल्फान के इस्तेमाल की समीक्षा कर रहा है। रिपोर्टों के मुताबिक, सरकार अगस्त 2026 के अंत तक इस संबंध में फैसला ले सकती है।
स्वास्थ्य और जहरीले प्रभावों को लेकर चिंता
कार्बोसल्फान एक कीटनाशक है, जिसका इस्तेमाल फसलों को नुकसान पहुंचाने वाले कीड़ों से बचाने के लिए किया जाता है। हालांकि, इसके जहरीले प्रभावों को लेकर चिंता जताई गई है। इसी वजह से सरकार इसके इस्तेमाल को सीमित करने या अन्य विकल्पों पर विचार कर रही है। यह चर्चा केवल किसानों तक सीमित नहीं है, बल्कि कृषि उत्पादों की सुरक्षा और मानव स्वास्थ्य से भी जुड़ी हुई है।
किसानों पर क्या पड़ेगा असर?
कार्बोसल्फान पर अचानक रोक लगाए जाने की स्थिति में किसानों को वैकल्पिक कीटनाशकों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है। कृषि रसायन उद्योग का कहना है कि यदि प्रतिबंध बिना पर्याप्त विकल्प उपलब्ध कराए लगाया गया तो किसानों की लागत बढ़ सकती है। उन्हें अधिक महंगे विकल्प या एक से ज्यादा दवाओं का इस्तेमाल करना पड़ सकता है।
उद्योग संगठनों ने यह भी आशंका जताई है कि अचानक प्रतिबंध से नकली या अवैध कीटनाशकों के कारोबार को बढ़ावा मिल सकता है। दूसरी ओर, सरकार के सामने किसानों की जरूरतों और स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के बीच संतुलन बनाने की चुनौती है।
अभी अंतिम फैसला नहीं
फिलहाल कार्बोसल्फान पर देशभर में पूर्ण प्रतिबंध लागू नहीं हुआ है। सरकार इसकी समीक्षा कर रही है और अंतिम निर्णय सामने आना बाकी है। भारत सरकार की आधिकारिक जानकारी के अनुसार प्रतिबंधित और प्रतिबंधित-उपयोग वाले कीटनाशकों की सूची अलग से जारी की जाती है।
ऐसे में किसानों के लिए जरूरी है कि वे सरकार के अंतिम आदेश का इंतजार करें और बिना आधिकारिक निर्देश के किसी कीटनाशक का इस्तेमाल बंद या बदलने का फैसला न लें। आने वाले दिनों में सरकार का निर्णय यह तय करेगा कि कार्बोसल्फान पर पूर्ण रोक लगती है, इसके इस्तेमाल को सीमित किया जाता है या मौजूदा व्यवस्था जारी रहती है।
.jpg)
0 टिप्पणियाँ