Bihar Cabinet Expansion Live: पटना पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी, मंत्रिमंडल विस्तार पर देशभर की नजर


 बिहार की राजनीति में 7 मई का दिन बेहद अहम माना जा रहा है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार का बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार आज होने जा रहा है। राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में आयोजित इस बड़े राजनीतिक कार्यक्रम को लेकर राज्यभर में उत्साह का माहौल है। इस समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी ने राजनीतिक हलकों की दिलचस्पी और भी बढ़ा दी है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार सुबह पटना पहुंचे, जहां एयरपोर्ट पर भाजपा और एनडीए के वरिष्ठ नेताओं ने उनका स्वागत किया। उनके आगमन के साथ ही पूरे शहर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। गांधी मैदान के आसपास भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है और कार्यक्रम स्थल को भव्य तरीके से सजाया गया है।

सूत्रों के मुताबिक, इस कैबिनेट विस्तार में कुल 33 मंत्री पदों पर नए चेहरों को मौका मिल सकता है। माना जा रहा है कि भाजपा, जेडीयू, लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा जैसे सहयोगी दलों के नेताओं को मंत्रिमंडल में प्रतिनिधित्व दिया जाएगा। इसके साथ ही सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन साधने पर भी विशेष ध्यान दिया गया है।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए यह विस्तार बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। एनडीए नेतृत्व युवाओं, महिलाओं, पिछड़े वर्ग और दलित समुदाय के प्रतिनिधियों को सरकार में शामिल कर व्यापक संदेश देने की कोशिश कर सकता है। कई नए विधायकों और अनुभवी नेताओं के नाम मंत्री पद की दौड़ में बताए जा रहे हैं।

इस कार्यक्रम में राज्यभर से हजारों कार्यकर्ताओं और समर्थकों के पहुंचने की संभावना है। भाजपा और एनडीए कार्यकर्ताओं के बीच जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। गांधी मैदान में बड़े एलईडी स्क्रीन लगाए गए हैं ताकि दूर-दराज से आने वाले लोग भी कार्यक्रम को आसानी से देख सकें।

विपक्ष भी इस मंत्रिमंडल विस्तार पर नजर बनाए हुए है। आरजेडी और कांग्रेस ने सरकार पर राजनीतिक संतुलन के बजाय सत्ता संतुलन साधने का आरोप लगाया है। हालांकि एनडीए नेताओं का कहना है कि यह विस्तार बिहार के विकास को नई गति देने के लिए किया जा रहा है।

अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सम्राट चौधरी की नई टीम में किन चेहरों को जगह मिलती है और बिहार की राजनीति में यह बदलाव आगे क्या असर डालता है।

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