अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति समारोह: अनुशासन और आंतरिक शांति से मिलती है सफलता, AI को सहायक बनाएं


 अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति समारोह में विद्यार्थियों को सफलता और भविष्य को लेकर महत्वपूर्ण संदेश दिए गए। कार्यक्रम में अमर उजाला समूह के चेयरमैन राजुल माहेश्वरी ने छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के लिए अनुशासन और आंतरिक शांति सबसे बड़े मूल मंत्र हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को तकनीक का सही उपयोग करने की सलाह देते हुए कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को पूरी तरह अपने ऊपर हावी न होने दें, बल्कि उसे एक सहायक के रूप में इस्तेमाल करें।

राजुल माहेश्वरी ने कहा कि आज का दौर तेजी से बदलती तकनीक का है, जहां AI शिक्षा, रोजगार और जीवन के कई क्षेत्रों को प्रभावित कर रहा है। ऐसे समय में छात्रों के लिए जरूरी है कि वे अपनी मौलिक सोच और रचनात्मकता को बनाए रखें। उन्होंने कहा कि एआई कई काम आसान बना सकता है, लेकिन निर्णय लेने की क्षमता, संवेदनशीलता और मानवीय समझ केवल इंसान के पास ही होती है।

उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि सफलता पाने के लिए केवल पढ़ाई ही नहीं, बल्कि मानसिक संतुलन और आत्मविश्वास भी बेहद जरूरी है। अगर व्यक्ति के भीतर शांति और सकारात्मक सोच होगी, तो वह कठिन परिस्थितियों में भी सही निर्णय ले पाएगा। उन्होंने कहा कि अनुशासन व्यक्ति को लक्ष्य तक पहुंचाने का सबसे मजबूत माध्यम होता है।

समारोह के दौरान छात्र-छात्राओं को मेहनत, निरंतर सीखने और समाज के प्रति जिम्मेदारी का भाव रखने के लिए भी प्रेरित किया गया। राजुल माहेश्वरी ने कहा कि छात्रवृत्ति केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के सपनों और प्रतिभा पर विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने छात्रों से कहा कि वे अपनी सफलता को केवल व्यक्तिगत उपलब्धि तक सीमित न रखें, बल्कि समाज और देश के विकास में भी योगदान दें।

कार्यक्रम में मौजूद विद्यार्थियों ने भी अपने अनुभव साझा किए और छात्रवृत्ति मिलने पर खुशी जताई। कई छात्रों ने कहा कि इससे उन्हें आगे की पढ़ाई जारी रखने और अपने करियर के सपनों को पूरा करने में मदद मिलेगी।

अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति कार्यक्रम लंबे समय से आर्थिक रूप से जरूरतमंद और प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को सहायता प्रदान करता आ रहा है। यह पहल शिक्षा के क्षेत्र में युवाओं को आगे बढ़ाने और उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जाती है।

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