Mobile Cyber Crime Alert: दुनिया के 26% मोबाइल साइबर हमले भारत में — 4 करोड़ से ज्यादा बार डाउनलोड हुईं फर्जी ऐप्स, बढ़ी डिजिटल धोखाधड़ी की चिंता


 भारत तेज़ी से डिजिटल अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है, लेकिन इसके साथ ही साइबर अपराधों का खतरा भी तेजी से बढ़ चुका है। एक ताज़ा साइबर सिक्योरिटी रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया में जितने भी मोबाइल आधारित साइबर क्राइम होते हैं, उनमें से 26% मामले अकेले भारत से जुड़े होते हैं। यह आंकड़ा बताता है कि भारत अब मोबाइल साइबर हमलों का सबसे बड़ा टारगेट बन गया है।

रिपोर्ट में बताया गया कि हैकर्स और साइबर क्रिमिनल्स अब अपने हमलों के तरीकों में बदलाव कर चुके हैं। वे मोबाइल पेमेंट, फर्जी ऐप्स और SMS/WhatsApp फ्रॉड को अपना सबसे बड़ा हथियार बना रहे हैं। भारत में UPI और डिजिटल पेमेंट के तेजी से बढ़ने के कारण ठगों को धोखाधड़ी का नया रास्ता मिल गया है।

फर्जी ऐप्स का बढ़ रहा जाल
जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले 1 साल में 40 मिलियन (4 करोड़+) नकली और मैलिशियस ऐप्स भारत में डाउनलोड की गईं। इनमें बैंकिंग, लोन, गेमिंग और फोटो एडिटिंग के नाम पर ऐसी ऐप्स फैलाई जाती हैं जो यूजर्स से डेटा चोरी करने के लिए बनाई गई होती हैं।

  • ये ऐप्स फोन की कॉल और लोकेशन तक पहुंच लेती हैं

  • बैंकिंग पासवर्ड और OTP को रीयल टाइम में हैकर्स तक भेजती हैं

  • मोबाइल कैमरा और माइक्रोफोन को भी कंट्रोल कर सकती हैं

अटैक का नया ट्रेंड: UPI और डिजिटल वॉलेट
भारत में डिजिटल पेमेंट की लोकप्रियता ने साइबर अपराधियों को नई ताकत दी है।

  • फिशिंग लिंक भेजकर पेमेंट ऐप्स का डेटा चुराया जाता है

  • कस्टमर केयर के नाम पर रिमोट एक्सेस ऐप इंस्टॉल कराए जाते हैं

  • QR कोड स्कैन करने के बहाने धोखाधड़ी की जाती है

रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद और लखनऊ जैसे बड़े शहर इस प्रकार के हमलों के सबसे बड़े हॉटस्पॉट बन चुके हैं।

सरकार और विशेषज्ञों ने दी चेतावनी
साइबर सिक्योरिटी एजेंसियों ने कहा है कि यूजर्स को अत्यधिक सतर्क रहने की जरूरत है।

  • Google Play Store या विश्वसनीय प्लेटफॉर्म से ही ऐप डाउनलोड करें

  • किसी भी लिंक या QR कोड को बिना जांचे न खोलें

  • ऐप को दिए जाने वाले permissions जरूर चेक करें

सरकार भी फ्रॉड एप्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई और साइबर सुरक्षा कानून मजबूत करने पर काम कर रही है।

डिजिटल इंडिया के साथ डिजिटल खतरा भी
मोबाइल ने भारत को तेजी से आगे बढ़ाया है, लेकिन अब साइबर क्राइम का खतरा एक नई चुनौती बनकर सामने आया है। विशेषज्ञों का मानना है कि सुरक्षा जागरूकता और तकनीकी सतर्कता के बिना भविष्य में नुकसान और बढ़ सकता है।

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