डेंगू-मलेरिया के मामले बढ़े, डॉक्टरों ने दी सावधानी बरतने की सलाह
दिल्ली-एनसीआर में हाल ही में हुई भारी बारिश और बाढ़ जैसे हालात का असर अब स्वास्थ्य पर भी दिखने लगा है। डॉक्टरों का कहना है कि अगस्त के आखिरी सप्ताह तक लगातार हुई बारिश से कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी, जिससे मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों का खतरा तेजी से बढ़ गया है।
बढ़ रहे हैं डेंगू और मलेरिया के मामले
स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली और आसपास के इलाकों में डेंगू और मलेरिया के मामले पिछले हफ्तों की तुलना में बढ़े हैं। जलभराव और गंदा पानी मच्छरों के प्रजनन के लिए आदर्श माहौल बना रहा है।
विशेषज्ञ बताते हैं कि डेंगू वायरस का संक्रमण बारिश के बाद ज्यादा तेजी से फैलता है। इसी तरह मलेरिया भी पानी जमा होने वाले क्षेत्रों में पनपने वाले एनोफिलीज़ मच्छर के कारण फैलता है। अस्पतालों में तेज बुखार, शरीर में दर्द और प्लेटलेट्स गिरने जैसी शिकायतों वाले मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
डॉक्टरों की चेतावनी
डॉक्टरों का कहना है कि इस समय लापरवाही खतरनाक साबित हो सकती है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि—
-
अपने घर और आसपास पानी जमा न होने दें।
-
कूलर, गमले और खुले बर्तन नियमित रूप से खाली करें।
-
सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
-
शरीर को पूरी तरह ढकने वाले कपड़े पहनें।
-
तेज बुखार या लगातार कमजोरी महसूस होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
प्रशासन की तैयारी
स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित इलाकों में फॉगिंग और एंटी-लार्वा स्प्रे का अभियान तेज कर दिया है। साथ ही अस्पतालों को भी अलर्ट पर रखा गया है ताकि मरीजों को तुरंत इलाज मिल सके। नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि जलभराव को जल्द से जल्द खत्म करने की कोशिश की जा रही है।
कैसे करें बचाव?
-
घर और आसपास की सफाई बनाए रखें।
-
पानी की टंकी और कंटेनरों को ढककर रखें।
-
नींबूग्रास ऑयल, सिट्रोनेला या मच्छर भगाने वाले रिपेलेंट का इस्तेमाल करें।
-
बच्चों और बुजुर्गों की खास देखभाल करें, क्योंकि उनमें संक्रमण का खतरा ज्यादा रहता है।
निष्कर्ष
बारिश और बाढ़ के कारण दिल्ली-एनसीआर में डेंगू और मलेरिया का खतरा बढ़ गया है। ऐसे समय में सतर्कता और सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि लोग छोटे-छोटे कदम उठाएं, तो इस खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
.jpg)
0 टिप्पणियाँ